यशवंत गंजीर, धमतरी। मुजगहन गांव में प्रस्तावित तालाब सौंदर्याकरण कार्य को लेकर स्थानीय लोगों की चिंता खुलकर सामने आ गई। तालाब के आसपास रहने वाले करीब 200 परिवारों ने अपने मकानों पर संभावित कार्रवाई की आशंका जताते हुए जिला पंचायत सदस्य धनेश्वरी साहू के निवास के सामने धरना दिया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वे विकास योजनाओं का स्वागत करते हैं, लेकिन किसी भी कीमत पर अपने घर नहीं खोना चाहते।
ग्रामीणों ने बताया कि कई परिवार वर्षों से तालाब के किनारे रह रहे हैं। उनका कहना है कि यदि सौंदर्याकरण के लिए मकान हटाए गए तो उनके सामने रहने का संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने प्रशासन से ऐसी कार्ययोजना बनाने की मांग की, जिससे तालाब का विकास भी हो और किसी परिवार का आशियाना भी प्रभावित न हो।
प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने नकटी गांव का हवाला देते हुए आशंका जताई कि वहां की तरह यदि बिना वैकल्पिक व्यवस्था के कार्रवाई हुई तो अनेक परिवार बेघर हो सकते हैं। उन्होंने प्रशासन से पहले प्रभावित लोगों के हितों को सुरक्षित करने की मांग उठाई।
जिला पंचायत सदस्य धनेश्वरी साहू ने प्रदर्शनकारियों से चर्चा कर भरोसा दिलाया कि उनकी चिंताओं से जिला प्रशासन और संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी पक्षों से बातचीत कर ऐसा रास्ता निकालने का प्रयास होगा, जिससे विकास कार्य और आम लोगों के हित दोनों सुरक्षित रह सकें।
ग्रामीण अंजली मिनपाल और तेजराम मिनपाल ने कहा कि गांव के लोग परियोजना का विरोध नहीं कर रहे हैं। उनकी मांग केवल इतनी है कि विकास कार्य के दौरान किसी भी परिवार को बेघर होने की नौबत न आए। आश्वासन मिलने के बाद ग्रामीणों ने फिलहाल धरना समाप्त कर दिया, हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि संतोषजनक समाधान नहीं मिलने पर आंदोलन फिर शुरू किया जाएगा।

