धमतरी: क्या भखारा की गलियों से निकला स्वाद अब देश के बड़े मॉल्स और बाजारों की शोभा बढ़ाएगा? जवाब है—हाँ! आगामी 24 अप्रैल को भखारा-भठेली की महिलाओं के जीवन में एक ऐसा अध्याय जुड़ने जा रहा है, जो उन्हें ‘कामगार’ से ‘कारोबारी’ बनाने की ताकत रखता है।
वो राज जो महिलाओं की रसोई को बनाएगा बिजनेस हब:
अक्सर महिलाओं का हुनर घर की चारदीवारी तक सिमट कर रह जाता है, लेकिन प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (PMFME) अब इस दीवार को तोड़ने आ रही है। जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र धमतरी द्वारा आयोजित होने वाली यह कार्यशाला कोई साधारण बैठक नहीं, बल्कि उन महिलाओं के लिए एक ‘लॉन्चपैड’ है जो अपना खुद का अस्तित्व बनाना चाहती हैं। यहाँ विशेषज्ञों की टोली यह सिखाएगी कि कैसे अचार, पापड़ और स्थानीय व्यंजनों को आधुनिक तकनीक और बेहतर पैकेजिंग के साथ बाजार का ‘किंग’ बनाया जाए।
कहाँ और कब खुलेगी सफलता की खिड़की?
इस बड़े बदलाव का साक्षी बनने के लिए आपको 24 अप्रैल 2026, शुक्रवार को दोपहर 11:00 बजे नगर के वार्ड क्रमांक 15, खारून नदी मंगल भवन पहुँचना होगा। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि यह मौका उन महिलाओं के लिए है जो अब किसी के आगे हाथ फैलाने के बजाय दूसरों को रोजगार देने का जज्बा रखती हैं।
अब हुनर बनेगा कमाई का जरिया:
नगर पंचायत अध्यक्ष ज्योति हरख जैन और सीएमओ हरि पावरिया ने साझा संदेश में कहा है कि “हमर नगर – हमर जिम्मेदारी” का असली अर्थ तभी सार्थक होगा जब नगर की हर महिला आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर होगी। यह कार्यशाला सरकारी योजनाओं, भारी सब्सिडी और बैंक ऋण की उन बारीकियों को समझाएगी जो अब तक आम जनता की पहुंच से दूर थीं।

