कुरूद।धमतरी जिले के कुरुद नगर के वार्ड क्रमांक 15 स्थित वंदेमातरम् वार्ड में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्र का काम इन दिनों गंभीर लापरवाही का शिकार होता नजर आ रहा है। आईसीडीएस कुरूद परियोजना अंतर्गत लगभग 12 लाख रुपये की लागत से बन रहे इस भवन में गुणवत्ता मानकों की खुलकर अनदेखी किए जाने के आरोप सामने आए हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार छत ढलाई के 15 दिन बीत जाने के बाद भी कंक्रीट की आवश्यक तराई (क्यूरिंग) नहीं की गई है, जबकि तकनीकी नियमों के तहत कम से कम 21 दिनों तक नियमित पानी देना अनिवार्य होता है। यही नहीं, भवन की नींव और छत का अलाइनमेंट भी असंतुलित बताया जा रहा है, जिससे पूरा ढांचा टेढ़ा-मेढ़ा दिखाई दे रहा है।
निर्माण कार्य में अनियमितता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि छत का स्लैब कई स्थानों पर धंसा हुआ है और दीवारों का मसाला हाथ लगाने पर ही झड़ रहा है। इससे भवन की मजबूती और सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए हैं। वार्डवासियों का कहना है कि यह केंद्र छोटे बच्चों के लिए बनाया जा रहा है, ऐसे में इस तरह की लापरवाही भविष्य में गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार इस निर्माण कार्य का ठेका मेसर्स बाबूजी कंस्ट्रक्शन कंपनी, धनोरा (दुर्ग) को दिया गया है। दिसंबर 2025 में शुरू हुए इस कार्य को तीन माह में पूरा किया जाना था, लेकिन पांच महीने बाद भी निर्माण अधूरा है। वहीं ठेकेदार को करीब 5 लाख रुपये का भुगतान भी किया जा चुका है।
नगर पालिका प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए ठेकेदार को नोटिस जारी किया है। मुख्य नगर पालिका अधिकारी महेंद्रराज गुप्ता ने बताया कि गुणवत्ताहीन कार्य के चलते भुगतान रोका जाएगा और नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही समय पर कार्य पूर्ण नहीं करने पर 10 प्रतिशत राशि की कटौती और ब्लैकलिस्ट करने की चेतावनी भी दी गई है।
अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या ठोस कदम उठाता है।

