बलरामपुर – कुशमी विकासखंड के अंतर्गत आने वाले मदगुरी गांव में अजीजी पब्लिक स्कूल वर्षों से बिना किसी वैध मान्यता के संचालित होने का मामला सामने आया है। अजीजी पब्लिक स्कूल नाम से चल रहे इस संस्थान पर आरोप है कि यह बिना शिक्षा विभाग की अनुमति के बच्चों को पढ़ा रहा है।(Breaking News)
ग्रामीणों का कहना है कि इस स्कूल में बड़ी संख्या में बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं, लेकिन इसकी वैधानिक स्थिति स्पष्ट नहीं है। ऐसे में यह सवाल उठ रहा है कि आखिर बिना मान्यता के इतने लंबे समय से यह स्कूल कैसे संचालित हो रहा है।Breaking News

शिक्षा के अधिकार कानून का उल्लंघन

शिक्षा के अधिकार कानून का उल्लंघन
विशेषज्ञों के अनुसार, बिना मान्यता के किसी भी स्कूल का संचालन शिक्षा का अधिकार (RTE) अधिनियम का सीधा उल्लंघन है। इस कानून के तहत हर स्कूल को निर्धारित मानकों और नियमों का पालन करना अनिवार्य होता है।
इसके बावजूद मदगुरी में यह स्कूल खुलेआम संचालित हो रहा है, जो शिक्षा व्यवस्था की गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। इससे बच्चों के भविष्य पर भी खतरा मंडरा रहा है, क्योंकि ऐसे स्कूलों की पढ़ाई और प्रमाणपत्र की वैधता पर सवाल उठ सकते हैं।
जांच रिपोर्ट के बाद भी कार्रवाई नहीं
इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि संबंधित विभाग द्वारा जांच किए जाने के बाद भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि जांच रिपोर्ट सामने आने के बावजूद प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया। इससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं कि आखिर कार्रवाई में इतनी देरी क्यों हो रही है
अन्य मामले में हुई थी सख्त कार्रवाई
ग्रामीणों ने इस मामले की तुलना भगवतपुर में संचालित एक अन्य अवैध स्कूल से की है, जहां प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए बुलडोजर कार्रवाई की थी।
वहीं, मदगुरी गांव के इस स्कूल के मामले में अब तक कोई कार्रवाई नहीं होना लोगों को खटक रहा है। इससे यह सवाल उठ रहा है कि क्या प्रशासन अलग-अलग मामलों में अलग रवैया अपना रहा है।
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ग्रामीणों में बढ़ रहा आक्रोश
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। उनका कहना है कि यदि समय रहते इस अवैध स्कूल पर कार्रवाई नहीं की गई, तो बच्चों का भविष्य खतरे में पड़ सकता है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द इस मामले में सख्त कदम उठाया जाए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

बच्चों के भविष्य पर मंडरा रहा खतरा

बच्चों के भविष्य पर मंडरा रहा खतरा
बिना मान्यता के चल रहे स्कूलों में पढ़ाई करने वाले बच्चों के सामने सबसे बड़ी समस्या यह होती है कि उनके प्रमाणपत्रों की मान्यता संदिग्ध होती है।
यदि भविष्य में इस स्कूल की वैधता पर सवाल उठता है, तो यहां पढ़ने वाले बच्चों को काफी नुकसान उठाना पड़ सकता है। ऐसे में यह जरूरी हो जाता है कि प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जल्द निर्णय ले।

प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल

प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल
मदगुरी गांव का यह मामला केवल एक अवैध स्कूल तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रशासनिक जवाबदेही पर भी सवाल खड़ा करता है।
यदि जांच के बाद भी कार्रवाई नहीं होती, तो इससे लोगों का भरोसा प्रशासन पर कमजोर पड़ सकता है। साथ ही, अन्य अवैध संस्थानों को भी बढ़ावा मिल सकता है।Illegal school in chhattisgarh
मदगुरी में बिना मान्यता के वर्षों से संचालित अजीजी पब्लिक स्कूल का मामला गंभीर है और तत्काल कार्रवाई की मांग करता है। प्रशासन को चाहिए कि वह इस मामले में निष्पक्ष जांच कर जल्द से जल्द उचित कदम उठाए, ताकि बच्चों का भविष्य सुरक्षित रह सके और शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता बनी रहे।Breaking News


