चंदौली। फिल्मों जैसी पटकथा सुनियोजित साजिश और 16 लाख की बड़ी ठगी लेकिन पुलिस की तेजी ने इस शातिर खेल पर वक्त रहते ब्रेक लगा दिया। महज 12 घंटे के भीतर पुलिस ने अंतरराज्यीय ठग गिरोह के 7 सदस्यों को गिरफ्तार कर 15.80 लाख रुपये बरामद करते हुए सनसनीखेज खुलासा किया है।
चकिया के शशि ज्वैलर्स को निशाना बनाकर गिरोह ने बेहद चालाकी से ठगी की पटकथा लिखी थी। पहले असली सोने के छोटे दाने देकर व्यापारी का भरोसा जीता गया फिर 100 ग्राम से अधिक सोना सस्ते में देने का लालच देकर 16 लाख रुपये ऐंठ लिए गए। सौदा पूरा होने के बाद जब पोटली खुली तो उसमें सोने की जगह चमकदार नकली धातु के टुकड़े निकले। तब तक ठग परिवार समेत गायब हो चुका था।
मामला पुलिस तक पहुंचा तो चकिया पुलिस हरकत में आई। सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद से बेलावर पहाड़ी के पास दबिश देकर पूरे गिरोह को दबोच लिया गया। सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि आरोपी कोई साधारण ठग नहीं बल्कि राज्यों में घूम-घूमकर वारदात करने वाला संगठित गिरोह है जो पहले भरोसा बनाता और फिर बड़े खेल को अंजाम देता था।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि गिरोह खुद को सोने की खदानों से जुड़ा बताकर लोगों को फंसाता था। महिलाओं और बच्चों के साथ चलने के कारण इन पर शक भी कम होता था और यही इनकी सबसे बड़ी चाल थी।
चकिया पुलिस की यह कार्रवाई सिर्फ गिरफ्तारी नहीं बल्कि संगठित ठगी के एक खतरनाक नेटवर्क पर प्रहार मानी जा रही है। थानाध्यक्ष अर्जुन सिंह के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई ने यह संदेश भी दिया है कि शातिर चाहे जितना चालाक हो कानून की पकड़ से बच पाना आसान नहीं।

