बलौदाबाजार। जिले के कसडोल ब्लॉक अंतर्गत ग्राम कटगी में कानून व्यवस्था को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है, जिसने पुलिस की कार्यशैली और स्थानीय निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। कसडोल ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के ग्रामीण अध्यक्ष भागवत थवाईत अब पुलिस के लिए “वांटेड” बन चुके हैं, जिन पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस ने उनकी गिरफ्तारी के लिए पोस्टर जारी कर सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है।
दो दिनों में बवाल, गांव में दहशत
सूत्रों के अनुसार, मंगलवार को भागवत थवाईत ने अपने साथियों के साथ ग्रामीणों से मारपीट की। मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि बुधवार को कटगी के सर्वा मोड़ के पास फिर से हुड़दंग मचाया गया। रात होते-होते हालात और बिगड़ गए, जब गांव में दोबारा उत्पात मचने की खबर सामने आई।
ग्रामीणों का गुस्सा फूटा, पिता पुलिस के हवाले
लगातार घटनाओं से आक्रोशित ग्रामीणों ने आरोपी के पिता को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। इसके बाद गांव में तनाव बढ़ गया, जिसे देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
तलवार और फायरिंग के आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि 8 अप्रैल की रात पिता-पुत्र ने अपने साथियों के साथ मिलकर गांव में दहशत फैलाने की कोशिश की। इस दौरान तलवार लहराने और कथित रूप से कट्टे से फायरिंग की कोशिश भी की गई। हालांकि पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की जांच में जुटी है।
अवैध शराब का कनेक्शन?
जांच में एक अहम पहलू अवैध शराब बिक्री का भी सामने आया है। बताया जा रहा है कि हाईवे किनारे स्थित एक ढाबे में लंबे समय से अवैध शराब बेची जा रही थी, जिसकी शिकायतें पहले भी मिल चुकी थीं। लेकिन समय रहते कार्रवाई नहीं होने से हालात बेकाबू हो गए।
पुलिस पर उठते सवाल
शहर थाना से महज 10 किलोमीटर दूर इस तरह की घटनाएं सामने आना, नियमित पेट्रोलिंग और खुफिया तंत्र की सक्रियता पर सवाल खड़े करता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि शुरुआती शिकायतों पर सख्ती से कार्रवाई होती, तो स्थिति इतनी नहीं बिगड़ती।
फिलहाल हालात तनावपूर्ण
कटगी गांव में पुलिस बल की तैनाती जारी है और आरोपी की तलाश तेज कर दी गई है। लेकिन इस पूरे घटनाक्रम ने साफ कर दिया है कि कानून व्यवस्था की अनदेखी किस तरह एक छोटे विवाद को बड़े संकट में बदल सकती है।

