- बड़ा खुलासा: कांग्रेस सांसद डॉ. धर्मवीर गांधी ने राघव चड्ढा के साथ अपनी पुरानी तकरार का सनसनीखेज वाकया साझा किया।
- ऑन-फील्ड ड्रामा: डॉ. गांधी ने दावा किया कि उन्होंने राघव चड्ढा को ‘गेटआउट’ कहकर कमरे से बाहर निकाल दिया था।
- विवाद की जड़: यह टकराव तब हुआ जब राघव ने डॉ. गांधी को लोकसभा में बोलने के लिए एक तैयार चिट्ठी (स्क्रिप्ट) थमाई थी।
Raghav Chadh , चंडीगढ़ — आम आदमी पार्टी (AAP) के भीतर चल रही अंदरूनी खींचतान में अब एक पुराने दिग्गज खिलाड़ी ने एंट्री मारी है। पटियाला से कांग्रेस सांसद डॉ. धर्मवीर गांधी ने एक हालिया पॉडकास्ट में राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा पर तीखा हमला बोला। डॉ. गांधी ने उस समय की यादें ताजा कीं जब वह AAP के टिकट पर सांसद थे। उन्होंने बताया कि कैसे राघव चड्ढा के ‘ओवर-मैनेजमेंट’ ने उन्हें अपना आपा खोने पर मजबूर कर दिया था।
मैदान पर तकरार: जब ‘कैप्टन’ ने ठुकराया कोच का आदेश
डॉ. गांधी ने बताया कि पंजाब भवन में एक मुलाकात के दौरान राघव चड्ढा ने उन्हें एक चिट्ठी दी। इस चिट्ठी में लिखा था कि उन्हें लोकसभा में क्या और कैसे बोलना है। एक स्वतंत्र विचार वाले राजनेता के लिए यह किसी ‘फाउल’ से कम नहीं था।
- अटैकिंग मोड: डॉ. गांधी के मुताबिक, उन्होंने वह चिट्ठी ली, उसके टुकड़े किए और सीधे राघव चड्ढा की तरफ उछाल दिए।
- स्कोरबोर्ड: गांधी ने साफ शब्दों में कहा कि वह अपनी जनता की आवाज हैं, किसी पार्टी की लिखी हुई स्क्रिप्ट के ‘प्रॉक्सी’ नहीं।
- रेड कार्ड: डॉ. गांधी ने दावा किया कि उन्होंने चड्ढा को तुरंत कमरा छोड़ने (गेटआउट) का आदेश दे दिया था।
यह खुलासा ऐसे समय में आया है जब राघव चड्ढा और AAP के शीर्ष नेतृत्व के बीच संबंधों को लेकर पहले ही कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। डॉ. गांधी का यह बयान आग में घी डालने जैसा है।
“राघव चड्ढा मेरे पास आए और एक पेपर थमाते हुए बोले कि आपको सदन में यही बोलना है। मैंने उनसे पूछा कि तुम कौन होते हो मुझे बताने वाले? मैंने उसी वक्त चिट्ठी फाड़ी, उनके मुंह पर मारी और कहा— गेटआउट। मेरी जुबान मेरी अपनी है, किसी की लिखी हुई नहीं।”
— डॉ. धर्मवीर गांधी, सांसद, पटियाला
