(मनमोहन)
चंदौली: जनपद में अवैध शराब तस्करी एक बार फिर चिंता का विषय बनती दिख रही है। बीते एक सप्ताह के भीतर लगातार सामने आईं पुलिस-जीआरपी-आरपीएफ की कार्रवाइयों ने संकेत दिया है कि तस्कर नए नेटवर्क के साथ सक्रिय हैं। कहीं ट्रेनों के जरिए बिहार तक सप्लाई की कोशिश पकड़ी गई, तो कहीं विशेष अभियान में भारी मात्रा में अंग्रेजी और देसी शराब बरामद हुई।
हालिया कार्रवाई में डीडीयू नगर (मुगलसराय) और चंदौली रेलवे स्टेशन क्षेत्र से तस्करों की गिरफ्तारी तथा बड़ी मात्रा में शराब बरामदगी ने सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता तो दिखाई, लेकिन तस्करी के संगठित नेटवर्क पर भी सवाल खड़े किए हैं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि शराबबंदी वाले क्षेत्रों में ऊंचे दामों पर बिक्री के लिए ट्रेनों का इस्तेमाल किया जा रहा था।
लगातार हो रही बरामदगी यह बताती है कि तस्कर नए तौर-तरीकों से कानून को चुनौती दे रहे हैं। रेलवे रूट और सीमावर्ती इलाकों के इस्तेमाल ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। हालांकि पुलिस की सक्रियता से कई प्रयास नाकाम हुए हैं, लेकिन एक हफ्ते में कई मामलों का सामने आना यह संकेत देता है कि यह समस्या छिटपुट नहीं, बल्कि संगठित रूप ले रही है।
अब सवाल यह है कि क्या तस्करी के पूरे नेटवर्क तक पुलिस पहुंच पाएगी, या गिरफ्तारियां सिर्फ छोटे खिलाड़ियों तक सीमित रहेंगी। फिलहाल लगातार हो रही कार्रवाई ने साफ कर दिया है—चंदौली में शराब तस्करी फिर बड़ा मुद्दा बन रही है।

