यशवंत गंजीर, धमतरी।धमतरी जिले के कुरूद विकासखंड की ग्राम पंचायत सिर्री में कथित भ्रष्टाचार का मामला अब रायपुर तक पहुंच गया है। ग्राम सिर्री निवासी योगेंद्र देवांगन ने मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री सहित छत्तीसगढ़ शासन के 10 मंत्रियों को एक साथ ज्ञापन सौंपकर पंचायत में मनरेगा, पंचायत निधि, टैक्स व मुरूम उत्खनन में कथित अनियमितताओं की स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। शिकायतकर्ता का दावा है कि किसी गांव के मामले में पहली बार एक ही दिन 10 मंत्रियों को ज्ञापन सौंपा गया है।
ज्ञापन में सरपंच देशराज सिन्हा पर पंचायत निधि के दुरुपयोग, मनरेगा कार्यों में वित्तीय गड़बड़ी, पंचायत कर की राशि में अनियमितता तथा मुरूम के अवैध उत्खनन, परिवहन और विक्रय के आरोप लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता ने छत्तीसगढ़ पंचायत राज अधिनियम, 1993 की धारा 40 के तहत सरपंच को पद से हटाने, विशेष ऑडिट कराने और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
वहीं सरपंच देशराज (देशान्त) सिन्हा ने सभी आरोपों को बेबुनियाद और निराधार बताया है। उनका कहना है कि इन मामलों की विभागीय जांच पहले ही हो चुकी है, जिसमें वे दोषमुक्त पाए गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि शिकायतकर्ता स्वयं कई लोगों से नौकरी व अन्य कार्य कराने के नाम पर पैसों के लेन-देन के आरोपों का सामना कर रहे हैं तथा एआई के माध्यम से भ्रामक खबरें फैलाकर लोगों को गुमराह करने का प्रयास करते हैं।

