Chhattisgarh Breaking News , बालोद — छत्तीसगढ़ शासन ने बीजापुर में पदस्थ डिप्टी कलेक्टर दिलीप उइके को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह बड़ी कार्रवाई बालोद जिले के डौंडी थाना में एक महिला आरक्षक द्वारा दर्ज कराई गई गंभीर शिकायतों के बाद की गई है। आरोपी अधिकारी पर शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण, जबरन गर्भपात और आर्थिक धोखाधड़ी जैसे संगीन आरोप हैं।
शादी का झांसा और आर्थिक शोषण: क्या है पूरा मामला?
पीड़िता, जो बालोद जिले में महिला आरक्षक के पद पर तैनात है, ने कुछ महीने पहले डौंडी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। एफआईआर के अनुसार, दिलीप उइके ने पीड़िता को शादी का भरोसा दिलाकर बार-बार शारीरिक संबंध बनाए। महिला का आरोप है कि गर्भवती होने पर आरोपी ने उसकी सहमति के बिना जबरदस्ती गर्भपात करवाया। इसके अलावा, अधिकारी पर पीड़िता का आर्थिक शोषण करने का भी आरोप है। पुलिस ने मामले की जांच के बाद रिपोर्ट शासन को भेजी थी, जिस पर कड़ा रुख अपनाते हुए सामान्य प्रशासन विभाग ने निलंबन का आदेश जारी किया।
“लोक सेवक द्वारा इस तरह का आचरण सेवा नियमों का घोर उल्लंघन है। पुलिस की प्राथमिक जांच रिपोर्ट और मामले की गंभीरता को देखते हुए अधिकारी को निलंबित कर दिया गया है। विभागीय जांच जारी रहेगी।”
— आदेश प्रति, सामान्य प्रशासन विभाग (GAD), छत्तीसगढ़

