शिक्षक ने महिला के अश्लील इशारों वाला वीडियो लगाया स्टेटस, परिजनों में भारी आक्रोश
Balrampur Breaking – बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर क्षेत्र में एक शिक्षक का कथित अश्लील व्हाट्सएप स्टेटस सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग और स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है। आरोप है कि बसंतपुर हायर सेकंडरी स्कूल में पदस्थ व्याख्याता राजेन्द्र देवांगन ने अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर एक महिला द्वारा अश्लील इशारे करते हुए वीडियो साझा किया, जिसे देखने के बाद विद्यार्थियों के परिजनों और ग्रामीणों में भारी नाराजगी देखी जा रही है।Balrampur Breaking

शिक्षक की हरकत पर उठे सवाल

शिक्षक की हरकत पर उठे सवाल
जानकारी के अनुसार, वायरल वीडियो में एक महिला आपत्तिजनक अंदाज में इशारे करती नजर आ रही है। यह वीडियो शिक्षक के व्हाट्सएप स्टेटस पर लगाए जाने के बाद कुछ लोगों ने उसका स्क्रीन रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया में वायरल कर दिया। देखते ही देखते
वीडियो यहां देखें
मामला पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शिक्षक समाज का मार्गदर्शक माना जाता है और ऐसे पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा इस तरह का कंटेंट सार्वजनिक करना शिक्षकीय गरिमा को ठेस पहुंचाने वाला है। कई अभिभावकों ने इस घटना को गंभीर बताते हुए शिक्षा विभाग से कार्रवाई की मांग की है।

परिजनों ने जताई नाराजगी

परिजनों ने जताई नाराजगी
स्कूल में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के परिजनों ने घटना पर कड़ी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि शिक्षक बच्चों के आदर्श होते हैं और यदि वे ही इस तरह की गतिविधियों में शामिल होंगे तो इसका गलत असर विद्यार्थियों पर पड़ेगा।
कुछ अभिभावकों ने बताया कि जब उन्होंने शिक्षक का स्टेटस देखा तो वे हैरान रह गए। इसके बाद उन्होंने अन्य लोगों को इसकी जानकारी दी। मामला सार्वजनिक होने के बाद क्षेत्र में शिक्षक की आलोचना शुरू हो गई।
शिक्षक का पक्ष भी आया सामने
विवाद बढ़ने के बाद संबंधित शिक्षक राजेन्द्र देवांगन का भी बयान सामने आया है। उन्होंने खुद पर लगे आरोपों को लेकर सफाई देते हुए कहा कि उन्होंने जानबूझकर ऐसा कोई स्टेटस नहीं लगाया था।
शिक्षक का कहना है कि उनका मोबाइल फोन उनके 9 वर्षीय बच्चे के पास था और उसी दौरान बच्चे ने अनजाने में उक्त वीडियो व्हाट्सएप स्टेटस पर अपलोड कर दिया। उन्होंने कहा कि जैसे ही उन्हें इसकी जानकारी मिली, उन्होंने तुरंत स्टेटस हटा दिया।
राजेन्द्र देवांगन ने यह भी कहा कि उनका किसी भी प्रकार से अश्लील सामग्री प्रसारित करने का उद्देश्य नहीं था और पूरे मामले को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है।
शिक्षा विभाग की भूमिका पर नजर
घटना सामने आने के बाद अब सभी की नजर शिक्षा विभाग की कार्रवाई पर टिकी हुई है। हालांकि समाचार लिखे जाने तक विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया था, लेकिन स्थानीय स्तर पर मामले की चर्चा तेज है।
सूत्रों के अनुसार, यदि शिकायत औपचारिक रूप से विभाग तक पहुंचती है तो मामले की जांच कराई जा सकती है। वहीं, सोशल मीडिया पर भी लोग इस पूरे घटनाक्रम को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
सोशल मीडिया के दौर में बढ़ी जिम्मेदारी
यह मामला एक बार फिर सोशल मीडिया के उपयोग और सार्वजनिक पदों पर बैठे लोगों की जिम्मेदारी को लेकर सवाल खड़े करता है। विशेषज्ञों का मानना है कि शिक्षकों और सरकारी कर्मचारियों को सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार की सामग्री साझा करते समय अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि उनका व्यवहार समाज के लिए उदाहरण माना जाता है।Balrampur Breaking
फिलहाल वाड्रफनगर का यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग शिक्षा विभाग की संभावित कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।

