कलेक्टर का बड़ा फैसला
कलेक्टर आशीष तिवारी के निर्देश पर 6 अप्रैल से 22 अप्रैल के बीच जिले के चिन्हित स्कूलों में विशेष आधार कैंप आयोजित किए जाएंगे। इन कैंपों में छात्रों को आधार से जुड़ी सभी सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई जाएंगी।
विद्यार्थियों को क्या मिलेगा फायदा?
– स्कूल में ही आधार नामांकन और अपडेट
– अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट (MBU)
– मोबाइल नंबर अपडेट
– ई-केवाईसी से वंचित लाभार्थियों को सुविधा
किसकी होगी जिम्मेदारी?
इन कैंपों में आधार अपडेट कराने की जिम्मेदारी रोजगार सहायक, पंचायत सचिव और पटवारी को सौंपी गई है। वहीं, UIDAI द्वारा तय शुल्क ही लिया जाएगा।
स्कूलों को दिए गए निर्देश
प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया गया है कि वे UDISE+ पोर्टल से उन छात्रों की सूची अपडेट करें जिनके आधार में बायोमेट्रिक अपडेट लंबित है और उन्हें कैंप में बुलाकर अपडेट सुनिश्चित करें।
MBU क्यों है जरूरी?
– पहला अपडेट: 5 वर्ष की उम्र पर
– दूसरा अपडेट: 15 वर्ष की उम्र पर
15 से 17 वर्ष के बीच यह मुफ्त
17 वर्ष के बाद शुल्क लागू
शिक्षा और योजनाओं के लिए अनिवार्य
अपडेटेड आधार कार्ड जरूरी है:
– स्कूल एडमिशन
– प्रतियोगी परीक्षाएं (JEE, NEET, UPSC, NTA)
– छात्रवृत्ति
– डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT)
अपार आईडी पर फोकस
कलेक्टर ने छात्रों की 100% APAAR ID बनाने के निर्देश भी दिए हैं।
यह आईडी छात्रों के सभी शैक्षणिक रिकॉर्ड जैसे मार्कशीट, डिग्री और सर्टिफिकेट को डिजिटल रूप में सुरक्षित रखने में मदद करती है।
जरूरी बात
APAAR ID बनाने के लिए UDISE+ पोर्टल और आधार कार्ड में नाम एक जैसा होना अनिवार्य है।
यह पहल विद्यार्थियों के लिए बेहद लाभकारी है, जिससे उन्हें समय पर आधार अपडेट, योजनाओं का लाभ और डिजिटल शिक्षा पहचान मिल सकेगी।
अब स्कूल ही बनेंगे आधार सेवा केंद्र!
