कटनी जिले के रीठी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सोमवार को जिला पंचायत सदस्य माला मौसी के निरीक्षण के दौरान कई अव्यवस्थाएं सामने आईं। डॉक्टरों की अनुपस्थिति और बंद कार्यालयों को लेकर उन्होंने नाराजगी जताई।
सुबह करीब 10:30 बजे अस्पताल पहुंचीं माला मौसी ने भर्ती मरीजों से इलाज की जानकारी ली और स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लिया।
ओपीडी में मरीजों की भीड़ मिली, लेकिन डॉक्टर मौजूद नहीं थे। जानकारी लेने पर पता चला कि नेत्र सहायक ही मरीजों का उपचार कर रहे थे।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल के कई कार्यालय भी बंद पाए गए, जिससे व्यवस्थाओं की पोल खुल गई।
“अस्पताल में मरीजों को समय पर और बेहतर उपचार मिलना चाहिए। कर्मचारियों और डॉक्टरों का समय पर न आना गंभीर लापरवाही है।” — माला मौसी, जिला पंचायत सदस्य।
रीठी अस्पताल की बदहाल व्यवस्थाओं को लेकर अब सवाल खड़े हो रहे हैं कि आखिर मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं कब मिलेंगी।

